Last Updated on December 18, 2024 4:04 pm by INDIAN AWAAZ

AMN / नई दिल्ली

दिल्ली दंगों से जुड़े मामले में आरोपी जेएनयू के पूर्व छात्र नेता उमर खालिद को बुधवार (18 दिसंबर) को कोर्ट से बड़ी राहत मिली। दिल्ली स्थित कड़कड़डूमा कोर्ट ने उन्हें सात दिनों की अंतरिम जमानत दी। कोर्ट ने उमर खालिद को 28 दिसंबर से 3 जनवरी तक के लिए अंतरिम जमानत दी है। उमर खालिद ने अपने मौसेरे भाई और बहन की शादी में शामिल होने के लिए 10 दिनों की अंतरिम जमानत मांगी थी।

13 सितंबर 2020 को गिरफ्तार हुए थे खालिद 

दिसंबर की शुरुआत में उमर खालिद और मीरन हैदर ने समानता, मुकदमें में देरी और लंबी कैद का आधार बनाकर भी जमानत मांगी थी। इस मामले में पुलिस ने जवाब पेश करने के लिए समय की मांग की थी। 2020 दिल्ली दंगे में 53 लोगों की मौत हो गई थी और 700 से ज्यादा लोग घायल हो गए थे।

इस घटना के बाद उमर खालिद को 13 सितंबर 2020 को गिरफ्तार किया गया था। वह चार साल से ज्यादा समय से जेल में बंद हैं। खालिद को ‘यूएपीए’ के तहत गिरफ्तार किया गया था।

उमर खालिद पर लगे हैं ये आरोप

उमर खालिद ने सुप्रीम कोर्ट में भी जमानत याचिका दाखिल की थी, लेकिन कोर्ट ने उन्हें सलाह दी थी कि वह निचली अदालत का रुख करें। इसके बाद उमर ने अपनी याचिका वापस ले ली थी। खालिद पर आईपीसी, 1967 आर्म्स एक्ट और गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए) के तहत आरोप लगाए गए हैं। इसके अलावा भी आईपीसी की विभन्न धाराओं के तहत भी आरोप दर्ज हैं.।

शरजील इमाम को अब तक नहीं मिली जमानत

दिल्ली दंगे के एक अन्य आरोपी शरजील इमाम को जमानत नहीं मिल पाई है। उसने भी सुप्रीम कोर्ट का रुख किया था, लेकिन हाई कोर्ट में मामला लंबित होने पर सुप्रीम कोर्ट में जमानत पर सुनवाई नहीं हो पाई।