Last Updated on March 12, 2026 11:06 pm by INDIAN AWAAZ

नई दिल्ली, स्टाफ रिपोर्टर
लोकसभा में विपक्ष के नेता Rahul Gandhi ने गुरुवार को चेतावनी दी कि आने वाले महीनों में भारत को गंभीर ऊर्जा संकट का सामना करना पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि रसोई गैस, पेट्रोल और अन्य ईंधन की उपलब्धता एक बड़ी समस्या बन सकती है क्योंकि गलत विदेश नीति के कारण देश की ऊर्जा सुरक्षा प्रभावित हुई है।
पत्रकारों से बातचीत करते हुए गांधी ने कहा कि सरकार के पास अभी भी संभावित संकट से निपटने के लिए कुछ समय है और उसे तुरंत तैयारी शुरू करनी चाहिए ताकि आम नागरिकों को इसके दुष्प्रभाव से बचाया जा सके।
उन्होंने कहा, “मुख्य समस्या यह है कि गैस की उपलब्धता प्रभावित हो सकती है, पेट्रोल की भी समस्या हो सकती है और लगभग सभी प्रकार के ईंधन की आपूर्ति पर असर पड़ सकता है, क्योंकि मूल रूप से हमारी ऊर्जा सुरक्षा से समझौता हुआ है।”
गांधी ने कहा कि सरकार और प्रधानमंत्री Narendra Modi को अभी से तैयारियां शुरू करनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समय रहते कदम नहीं उठाए गए तो इसका असर देश के करोड़ों लोगों पर पड़ेगा।
उन्होंने कहा, “इस समय हमारे पास थोड़ा समय है। सरकार और प्रधानमंत्री को तुरंत तैयारी शुरू करनी चाहिए। अगर तैयारी नहीं की गई तो करोड़ों लोगों को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है।”
गांधी ने यह भी कहा कि मौजूदा वैश्विक स्थिति, खासकर Iran से जुड़े तनाव, केवल तेल आपूर्ति की अनुमति या रोक का सवाल नहीं है बल्कि यह व्यापक भू-राजनीतिक बदलाव का हिस्सा है, जिसका असर वैश्विक ऊर्जा बाजार और भारत की ऊर्जा सुरक्षा पर पड़ सकता है।
