Last Updated on March 26, 2025 8:00 pm by INDIAN AWAAZ
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श्रीलंका में, अंतर्राष्ट्रीय रामायण और वैदिक अनुसंधान संस्थान ने कोलम्बो के स्वामी विवेकानंद सांस्कृतिक केन्द्र में रामायण कॉन्क्लेव का आयोजन किया।
बीकानेर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर मनोज दीक्षित और गुजरात विश्वविद्यालय के प्रोफेसर नीरजा गुप्ता सहित सुप्रसिद्ध विशेषज्ञों ने वीडियो कांफ्रेंस के जरिए इस कॉन्क्लेव को संबोधित किया। भारत और श्रीलंका के धार्मिक नेताओं ने विभिन्न देशों का उदाहरण देते हुए भगवान राम के व्यक्तित्व का पूरे विश्व पर उनके प्रभाव के बारे में बताया।
रामायण के अनुसार श्रीलंका का विशेष महत्व है। यहां सीता एलिया, मनावरी मंदिर और मुन्नेश्वरम मंदिर जैसे महत्वपूर्ण स्थान हैं, जहां भगवान राम ने शिवलिंग स्थापित किए थे।
