Last Updated on September 5, 2026 11:59 am by INDIAN AWAAZ

AMN / लखनऊ
समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने शिक्षक दिवस पर उत्तर प्रदेश सरकार को कठघरे में खड़ा करते हुए कहा कि राज्य में बंद प्राथमिक विद्यालयों को पुनः खोलना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि “केवल शिक्षा ही शोषित, वंचित, गरीब और पिछड़े वर्गों में सामाजिक और राजनीतिक चेतना जगा सकती है।”
इसी संदेश को ध्यान में रखते हुए, सपा शुक्रवार को पूरे प्रदेश में बंद प्राथमिक विद्यालयों में “पाठशाला पुकारे” कार्यक्रम आयोजित कर रही है।
पार्टी का नारा
इस अभियान का नारा है: “बंद स्कूल खुलेगा तो पीडीए पढ़ेगा।” अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर एक पोस्टर जारी कर सरकार पर हमला बोला और घोषणा की कि 5 सितंबर को सपा प्रदेश के सभी 26,000 बंद प्राथमिक विद्यालयों में “पाठशाला पुकारे” कार्यक्रम आयोजित करेगी।
अभियान का उद्देश्य
यादव ने कहा कि इस कार्यक्रम का मूल भाव शिक्षा को प्राथमिकता देना है, क्योंकि शिक्षा ही:
- भेदभाव समाप्त कर समानता का वातावरण बनाएगी
- सामाजिक न्याय पर आधारित समाज की नींव रखेगी
- वंचित वर्गों में चेतना पैदा करेगी
- बंधु राष्ट्र के संकल्प को पूरा करेगी
पूर्व बयान
इससे पहले यादव ने कहा था कि यदि राज्य में उनकी सरकार बनती है तो सभी 26,000 बंद प्राथमिक विद्यालयों को पुनः खोला जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार शिक्षा को प्राथमिकता देने के बजाय सरकारी स्कूलों को बंद कर रही है, जिसका सबसे अधिक असर पीडीए वर्ग (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) के छात्रों पर पड़ रहा है।
यादव ने दोहराया कि शिक्षा ही वंचित और पिछड़े समाज में जागरूकता पैदा करेगी, समानता की राह को मजबूत करेगी और सामाजिक न्याय सुनिश्चित करेगी।
