BIZ DESK

भारतीय शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स और निफ्टी मंगलवार को लगातार दूसरे कारोबारी सत्र में गिरावट के साथ बंद हुए। बाजार पर रिलायंस इंडस्ट्रीज और एचडीएफसी बैंक जैसे दिग्गज शेयरों में भारी बिकवाली का दबाव रहा। इसके अलावा, अमेरिका द्वारा भारत पर संभावित टैरिफ बढ़ाने की चेतावनी से वैश्विक व्यापार तनाव की आशंकाओं ने निवेशकों की धारणा को कमजोर किया।

30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 376.28 अंक या 0.44 प्रतिशत की गिरावट के साथ 85,063.34 पर बंद हुआ। दिन के कारोबार के दौरान सेंसेक्स 539.52 अंक फिसलकर 84,900.10 के निचले स्तर तक पहुंच गया। वहीं, एनएसई निफ्टी 71.60 अंक या 0.27 प्रतिशत टूटकर 26,178.70 पर बंद हुआ।

सेंसेक्स की 30 कंपनियों में से टाटा समूह की रिटेल कंपनी ट्रेंट के शेयरों में 8.62 प्रतिशत की तेज गिरावट दर्ज की गई, क्योंकि दिसंबर तिमाही में कंपनी की आय वृद्धि निवेशकों को प्रभावित करने में नाकाम रही। रिलायंस इंडस्ट्रीज 4.42 प्रतिशत टूट गया और बाजार पर सबसे अधिक दबाव डालने वाला शेयर रहा। इसके अलावा आईटीसी, कोटक महिंद्रा बैंक, इंटरग्लोब एविएशन और एचडीएफसी बैंक भी नुकसान में बंद हुए।

हालांकि, चुनिंदा शेयरों में खरीदारी देखी गई। आईसीआईसीआई बैंक, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, हिंदुस्तान यूनिलीवर और सन फार्मा के शेयरों ने बाजार को कुछ सहारा दिया।


सेक्टर-वाइज प्रदर्शन

  • तेल एवं गैस: रिलायंस इंडस्ट्रीज में भारी गिरावट के कारण सेक्टर कमजोर रहा।
  • बैंकिंग एवं वित्तीय सेवाएं: मिला-जुला रुख; एचडीएफसी बैंक और कोटक महिंद्रा बैंक में गिरावट, जबकि आईसीआईसीआई बैंक और एसबीआई में तेजी।
  • एफएमसीजी: कुल मिलाकर स्थिर रुख; हिंदुस्तान यूनिलीवर में तेजी, जबकि आईटीसी दबाव में रहा।
  • फार्मा: सकारात्मक रुख, सन फार्मा के नेतृत्व में बढ़त।
  • एविएशन एवं रिटेल: कमजोर प्रदर्शन; इंटरग्लोब एविएशन और ट्रेंट में उल्लेखनीय गिरावट।

कुल मिलाकर, वैश्विक व्यापार तनाव, भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं और ऊंचे मूल्यांकन को लेकर सतर्कता के चलते निवेशक फिलहाल संभलकर कारोबार कर रहे हैं। बाजार की आगे की दिशा अब वैश्विक संकेतों और घरेलू आर्थिक आंकड़ों पर निर्भर करेगी।