Last Updated on June 8, 2026 6:23 pm by INDIAN AWAAZ
By Andalib Akhter
नई दिल्ली: लगभग तीन वर्षों के अंतराल के बाद सोमवार को राष्ट्रीय राजधानी में INDIA गठबंधन के शीर्ष नेताओं की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई, जिसमें विपक्षी दलों ने एकजुटता का प्रदर्शन करते हुए केंद्र की भाजपा-नीत NDA सरकार को विभिन्न जनहित और राष्ट्रीय मुद्दों पर घेरने का संकल्प दोहराया। 25 विपक्षी दलों के नेताओं की मौजूदगी में हुई यह बैठक तीन घंटे से अधिक समय तक चली और संसद के भीतर तथा बाहर सरकार के खिलाफ साझा रणनीति तैयार करने पर केंद्रित रही।
सूत्रों के अनुसार, INDIA गठबंधन ने शिक्षा, बेरोजगारी, महंगाई, संघीय ढांचे की मजबूती और सामाजिक न्याय जैसे पांच प्रमुख मुद्दों पर आधारित साझा एजेंडा तय किया है। नेताओं ने इन विषयों पर संयुक्त जन अभियान चलाने और आगामी मानसून सत्र में उन्हें जोरदार तरीके से उठाने पर सहमति जताई।
बैठक का सबसे महत्वपूर्ण निर्णय यह रहा कि गठबंधन अब नियमित रूप से हर दो महीने में बैठक करेगा, ताकि राष्ट्रीय राजनीतिक परिस्थितियों की समीक्षा और साझा रणनीति पर निरंतर समन्वय बना रहे। अगली औपचारिक बैठक 8 अगस्त को हैदराबाद में आयोजित की जाएगी।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, हाल के महीनों में विपक्षी दलों के बीच यह सबसे व्यापक और महत्वपूर्ण मंथन था, जिसका उद्देश्य विपक्षी एकता को नई ऊर्जा देना और सत्तारूढ़ NDA के खिलाफ एक मजबूत तथा संगठित राजनीतिक विकल्प प्रस्तुत करना है।
बैठक के दौरान तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी और कांग्रेस की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी के बीच हुई आत्मीय मुलाकात भी चर्चा का केंद्र रही। दोनों नेताओं के बीच गर्मजोशी भरे संवाद को विपक्षी एकता को मजबूत करने की दिशा में सकारात्मक संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव, राजद नेता तेजस्वी यादव, तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी, पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती, सीपीआई नेता डी. राजा, झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन सहित INDIA गठबंधन के कई वरिष्ठ नेता उपस्थित रहे।

बैठक की प्रमुख बातें
बैठक के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने बताया कि INDIA गठबंधन ने विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया को लेकर भारत के मुख्य न्यायाधीश को पत्र लिखने का निर्णय लिया है। विपक्ष का आरोप है कि इस प्रक्रिया के माध्यम से मतदाता सूची में गड़बड़ियां और चुनावी अनियमितताओं को बढ़ावा दिया जा रहा है।
खड़गे ने यह भी घोषणा की कि गठबंधन ने सर्वसम्मति से केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग करने का फैसला किया है। विपक्ष का आरोप है कि NEET और CBSE जैसी महत्वपूर्ण परीक्षाओं में हुई कथित अनियमितताओं और प्रशासनिक विफलताओं के कारण लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है।
उन्होंने बताया कि गठबंधन का फोकस युवाओं से जुड़े मुद्दों, संस्थागत जवाबदेही और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा पर रहेगा। साथ ही संसद के मानसून सत्र से पहले और उसके दौरान सभी सहयोगी दलों की नियमित रणनीतिक बैठकें लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष के कार्यालय में आयोजित की जाएंगी, ताकि सरकार के खिलाफ एकजुट और प्रभावी रुख अपनाया जा सके।
‘एकता ही हमारी ताकत’
बैठक के बाद कांग्रेस ने विपक्षी नेताओं की तस्वीरें साझा करते हुए ‘United We Stand’ का संदेश दिया। गठबंधन के नेताओं ने लोकतांत्रिक संस्थाओं की रक्षा, संविधान की मूल भावना को मजबूत करने और आम जनता के जीवन-यापन से जुड़े मुद्दों को प्राथमिकता देने पर जोर दिया।
हाल के महीनों में गठबंधन के कुछ घटक दलों के बीच उभरे मतभेदों की पृष्ठभूमि में यह बैठक विशेष महत्व रखती है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि INDIA गठबंधन ने इस बैठक के माध्यम से यह संदेश देने की कोशिश की है कि तमाम वैचारिक और क्षेत्रीय विविधताओं के बावजूद विपक्ष राष्ट्रीय मुद्दों पर एकजुट है और आने वाले समय में NDA सरकार को एक संगठित राजनीतिक चुनौती देने के लिए तैयार है।
नियमित बैठकों, साझा राजनीतिक एजेंडे और समन्वित अभियान की रणनीति के साथ INDIA गठबंधन ने स्पष्ट संकेत दिया है कि वह आगामी महीनों में राष्ट्रीय राजनीति में अपनी सक्रिय और प्रभावशाली भूमिका को और मजबूत करने की दिशा में आगे बढ़ेगा।

